राजनीति - ड्राइंग रुम से निकलकर लोगों के बीच में पहली बार कांग्रेस, सत्ता वापसी के लिए नए तेवर

ड्राइंग रुम से निकलकर लोगों के बीच में पहली बार कांग्रेस, सत्ता वापसी के लिए नए तेवर



Posted Date: 05 Jan 2019

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नई दिल्ली। कांग्रेस अपना 2019 का घोषणापत्र तैयार कर रही है। इस बार कांग्रेस कुछ नया करना चाहती है और इसके लिए वह सीधे जनता से रूबरू है। कांग्रेस के नेता शहर और कस्बों में जाकर लोगों से राय मशविरा कर रहे हैं। इस संवाद की महत्वपूर्ण बातें कांग्रेस के मेनिफेस्टो में नजर आ सकती हैं। कांग्रेस में ये प्रक्रिया पहली बार अपनाई गई है।

इस सिलसिले में अल्पसंख्यक वर्ग से बातचीत का दायरा बढ़ाया गया है, जिसमें राहुल गांधी के करीबी सचिन और सलमान खुर्शीद इस वर्ग से बातचीत कर रहे हैं, जिसमें कई प्रमुख बातें निकलकर आ रही हैं। मुस्लिम वर्ग की तरफ से कांग्रेस को कई सुझाव दिए जा रहे हैं।

इस वार्ता में मुस्लिम बुद्धिजीवी वर्ग को बुलाया जा रहा है। इस कार्यक्रम के सूत्रधार सुप्रीम कोर्ट एडवोकेट फुज़ैल अहमद अय्यूबी का कहना है कि डॉयलाग और डिस्कशन से ही रिजल्ट निकल सकता है। पहली बार कांग्रेस ड्राइंग रूम से निकलकर लोगों की राय जानने की कोशिश कर रही है।

ये अच्छी पहल है, जिसके नतीजे सकारात्मक हो सकते हैं। वहीं पूर्व विदेश मंत्री सलमान खुर्शीद ने कांग्रेस को समर्थन करने की अपील की है। दिल्ली में हुई इस बैठक में कई लोगों ने सुझाव दिया कि इन चुनाव में मुसलमान का नाम ही ना लिया जाए तो बेहतर है। बल्कि सेकेंड लार्जेस्ट मेजॉरिटी कहा जाए तो ज्यादा अच्छा है।

ऐसे लोगों का डर है कि जैसे कांग्रेस मुसलमान का नाम लेती है, वैसे बीजेपी ध्रुवीकरण का खेल शुरू कर लेती है। कई लोगों की राय थी कि कांग्रेस सिर्फ देश के संविधान की बात करे, जिसमें सभी लोगों को समान अधिकार दिया गया है।

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संविधान में जो अल्पसंख्यक को अधिकार दिया गया है वही काफी है। ऐसे लोगों की तादाद ज्यादा थी, जो मुसलमान के हक की बात कर रहे है। कांग्रेस अभी सबसे मुश्किल दौर से गुजर रही है। बीजेपी के हिंदुत्व और राष्ट्रवाद से मुकाबला है।

कांग्रेस के लिए इस माहौल में इस तरह के इमोटिव मुद्दों पर बीच का स्टैंड ही सूट करता है। यही कांग्रेस की मुश्किल है। इस तरह के मसले पर कांग्रेस न इधर दिखाई दे सकती है ना ही उधर दिखाई दे सकती है। बीजेपी कांग्रेस की इस मुश्किल का फायदा उठाती है।

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BY : Saheefah Khan