राष्ट्रीय - रांची जेल में बंद लालू यादव को नहीं मिली राहत, झारखंड हाईकोर्ट ने की याचिका खारिज

रांची जेल में बंद लालू यादव को नहीं मिली राहत, झारखंड हाईकोर्ट ने की याचिका खारिज



Posted Date: 10 Jan 2019

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नई दिल्ली। झारखंड उच्च न्यायालय ने गुरुवार को राष्ट्रीय जनता दल (राजद) प्रमुख व बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद के करोड़ों रुपये के चारा घोटाला मामले में जमानत याचिका को खारिज कर दिया। इसे लालू के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है। फिलहाल लालू रांची जेल में चारा घोटाला मामले की सजा काट रहे हैं। इस मामले में पिछले हफ्ते शुक्रवार को हाई कोर्ट ने दोनों (सीबीआई और लालू) पक्षों की दलील सुनने के बाद फैसला सुरक्षित रख लिया था।

लालू प्रसाद की जमानत याचिकाओं पर अदालत ने चार जनवरी को सुनवाई पूरी की थी। लालू प्रसाद ने देवघर-दुमका चाईबासा कोषागार से अवैध निकासी मामले में जमानत की गुहार लगाई थी। याचिका में बढ़ती उम्र व कई बीमारियों का हवाला देकर जमानत की गुहार लगाई गई थी।

इस फैसले से 2019 के लोकसभा चुनाव के लिए चुनाव प्रचार की तैयारी कर रहे राजद को बड़ा झटका लगने की आशंका है क्योंकि पार्टी के स्टार प्रचारक लालू प्रसाद के अब बिरसा मुंडा जेल में रहने की संभावना बढ़ गयी है। मामले में अब उच्चतम न्यायालय से कोई राहत मिलने पर ही वह जेल से बाहर आ सकेंगे।

लालू प्रसाद की ओर से वरिष्‍ठ वकील व कांग्रेस नेता कपिल सिब्बल ने कोर्ट में पक्ष रखते हुए कहा कि लालू प्रसाद राजनीतिक दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं और उनके हस्ताक्षर से ही पार्टी में निर्णय लिया जाता है। लोकसभा चुनाव आगे है, इसलिए उन्हें बेल दी जानी चाहिए।

सिब्बल ने ये भी दलील दी थी कि चारा घोटाले में लालू यादव के खिलाफ डायरेक्ट साक्ष्य नहीं है। जबकि इसी तरह के आरोप में जगन्नाथ मिश्र और ध्रुव भगत को बरी कर दिया गया। जवाब में सीबीआई के वकील ने कहा था कि राजनीतिक दल के प्रमुख होने के कारण बेल नहीं दी जा सकती है। जबकि उनका रिम्स में समुचित इलाज चल रहा है।

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बता दे, लालू प्रसाद 23 दिसंबर 2017 से जेल में हैं। फिलहाल आरजेडी मुखिया का रांची के रिम्स अस्पताल में इलाज चल रहा है। पिछले बुधवार को यह आशंका जताई गई थी कि उनकी तबीयत फिर बिगड़ गई है। हालांकि चिकित्सकों ने कहा था कि उनका स्वास्थ्य स्थिर है और कोई चिंता की बात नहीं है।

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BY : ANKIT SINGH